बिहार विधानसभा चुनाव परिणाम 14 नवंबर को रात तक आ गया था। 15-16 नवंबर के बीच समीक्षा का दौर चला। अब भी पार्टियां आश्चर्यजनक जीत-हार के कारण समझ रही है। इस बीच, जहां मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने 19 नवंबर को विधानसभा भंग करने की सिफारिश की और 20 नवंबर को शपथ ग्रहण की तैयारी चल रही है; वहीं बिहार के दोनों मौजूदा उप मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी व विजय कुमार सिन्हा समेत चार भाजपा विधायकों को हासिल मतों पर सवाल उठ रहा है। भारत निर्वाचन आयोग को लोग एक स्क्रीनशॉट के जरिए घेर रहे हैं।
चारों को मिले वोट 1.22 लाख से कुछ अधिक
आंकड़ों को चुनाव आयोग की वेबसाइट से मिला लिया है। वायरल तस्वीर में भारतीय जनता पार्टी के टिकट पर तारापुर विधानसभा से चुनाव लड़े सम्राट चौधरी को एक लाख 22 हजार 480 वोट मिले हैं। वही लखीसराय सीट से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़ने वाले विजय कुमार सिंह को एक लाख 22 हजार 408 वोट मिले। छातापुर विधानसभा सीट से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़े नीरज कुमार सिंह को एक लाख 22 हजार 491 वोट मिले। बनमनखी विधानसभा से भाजपा के टिकट पर चुनाव लड़े कृष्णा कुमार ऋषि को एक लाख 22 हजार 494 वोट मिले हैं।
89 सीटें लाकर भाजपा बनी सबसे बड़ी पार्टी
इस विधानसभा चुनाव में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी है। विपक्ष को करारी हार मिली कुछ नेताओं ने चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठा दिए। हालांकि अब तक किसी ने इस मामले की लिखित शिकायत नहीं की है। भाजपा ने 89 सीटों पर, जदयू ने 85 सीटों पर और राजद ने 25 सीटों पर जीत हासिल की। लोजपा (रा.) 19 सीटों पर जीत मिली है, जबकि कांग्रेस को 6 सीटों पर जीत मिली है। सीपीआई (एमएल) 2 सीटों पर, हम पार्टी 5 सीटों पर और राष्ट्रीय लोक मोर्चा 4 सीटों पर जीत मिली है। AIMIM ने इस बार 5 सीटों पर जीत हासिल की है। सीपीआई (एम), आईआईपी और बसपा को 1-1 सीट पर नीट मिली है। कुल मिलाकर 243 सीटों के परिणाम सामने आ चुके हैं।