हिमाचल प्रदेश के अलावा एक और पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में भी बादल फटने से हाहाकार मच गया है. वहां भी कई इलाकों से बादल फटने की ख़बर आई हैं. 10 लोगों की जान चली गई. 200 से ज़्यादा लोग फंस गए. उत्तराखंड के हल्द्वानी में तो एक नाले में नदी जैसी बाढ़ आ गई और उसमें एक कार बह गई. कार कुछ देर तक फंसी रही. लेकिन जैसे जैसे लहरें तेज़ हुईं, कार को निकालना मुश्किल हो गया. इसके बाद वो कार बह गई.
बताया गया कि कार में दो लोग बैठे थे. जो किसी तरह बच गए, लेकिन उनकी कार बह गई. हल्द्वानी जैसी ही हाहाकारी तस्वीरें हरिद्वार से भी आईं थीं. एक दिन पहले वहां की सूखी नदी में अचानक सैलाब आ गया था और वहां खड़ा कांवड़ियों का ट्रक बह गया था. ट्रक ने कुछ देर तक लहरों को झेला था, लेकिन वो ज़्यादा देर उसके आगे नहीं टिका था और धीरे-धीरे सूखी नदी में आए सैलाब के साथ बह गया था. यानी उत्तराखंड में मौसम ऐसा बिगड़ा कि ट्रक हो या कार, कुछ नहीं बचा. और वो लहरों में समां गए.
उत्तराखंड में खूब बारिश हुई है और हो रही है. इतनी बारिश की हरिद्वार की सूखी नदी भर गई. हरिद्वार की सूखी नदी में बारिश के मौसम में ही पानी भरता है और ज़बरदस्त बारिश के बाद उसका जलस्तर बढ़ गया. इसके अलावा हरिद्वार में गंगा नदी भी उफान पर आ गई और एक कांवड़िया उसमें बह गया. ये देखकर SDRF का एक जवान कूद पड़ा. लहरें भयंकर थी इसलिए कांवड़िया तेज़ी से बहा और SDRF के जवान को उस तक पहुंचने में पूरा ज़ोर लगाना पड़ा, लेकिन वो कामयाब हुआ और कांवड़ियां को बचाकर लाया.
हरिद्वार के अलावा देहरादून में भी खूब पानी बरसा. इतना पानी कि वहां के टपकेश्वर मंदिर की सीढ़ियां झरने जैसी दिखीं. मंदिर परिसर में भी पानी बहना शुरू हो गया और ये सब देहरादून में बहने वाली तमसा नदी का जलस्तर बढ़ने से हुआ जो इस स्तर तक पहुंच गया कि मंदिर के अंदर पहुंच गया. अल्मोड़ा में तो एक गौशाला में ही पानी भर गया और पुलिस के जवानों ने जैसे-तैसे पानी में उतरकर वहां फंसी गायों को निकाला. पिथौरागढ़ और चमोली जैसे शहरों में भी बारिश ने डरावने हालात बना दिए, क्योंकि नदियां रिहायशी इलाक़ों में घुसने को बेताब दिखीं.
उधर, पिथौरागढ़ में पहाड़ खिसकने से 27 सड़कें बंद कर दी गईं. इसके अलावा नैनीताल में भी 17 सड़कें ब्लॉक हो गईं. केदारनाथ में तो दो पुल ही बह गए और वहां केदारनाथ यात्रा को रोक दिया गया. यानी उत्तराखंड में भी हिमाचल जैसा हाहाकार मचा. बारिश की वजह से अलग-अलग जगहों से लोगों की मौत की ख़बर आई. मौसम विभाग के मुताबिक वहां मुसीबत टली नहीं है, क्योंकि ज़बरदस्त बारिश बाक़ी है. यानी दो पहाड़ी राज्यों हिमाचल और उत्तराखंड पर संकट बढ़ गया.







