पीएमसीएच में डेंगू मरीज की मौत

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पीएमसीएच में इलाज के दौरान डेंगू के मरीज की मौत हो गई। समस्तीपुर निवासी साठ वर्षीय नंद किशोर साह को मंगलवार को दोपहर दो बजे डेंगू के इलाज के लिए यहां भर्ती कराया गया था। बुधवार की सुबह आठ बजे उनकी मौत हो गई। पीएमसीएच के अधीक्षक डॉ. राजीव रंजन प्रसाद का कहना है कि मरीज हेपेटाइटिस बी और लीवर संबंधी बीमारी से पीड़ित था। जब मरीज को यहां लाया गया उस समय उसे डेंगू की पुष्टि हो चुकी थी। उसे डेंगू वार्ड में भर्ती कराया गया था। बुधवार की सुबह ब्लीडिंग शुरू हुई और कुछ देर में मौत हो गई। डॉ. राजीव रंजन ने कहा कि कि लीवर की बीमारी में भी ब्लीडिंग तेजी से हो जाती है। इसलिए मरीज की मौत स्पष्ट रूप से डेंगू के कारण नहीं बल्कि हेपेटाइटिस बी और लीवर में खराबी के कारण हुई। मरीज बहुत दिनों से इस परेशानी से जूझ रहा था। अधीक्षक का कहना है कि मरीज की मौत को-मौरबिलीटी के कारण हुई है। इधर, सिविल सर्जन आरके चौधरी ने कहा कि पटना के निजी अस्पताल में मंगलवार को पुलिसकर्मी की हुई मौत का कारण डेंगू नहीं है। पुलिसकर्मी रामदयाल पासवान पन्द्रह अक्टूबर को निजी अस्पताल में इलाज के लिए भर्ती कराये गए थे, जहां पन्द्रह अक्टूबर को उनकी मौत हो गई। सिविल सर्जन ने बताया कि पुलिसकर्मी हृदय रोग से ग्रस्त थे और अस्पताल में हृदय रोग का ही इलाज चल रहा था। सिविल सर्जन ने कहा कि स्पष्ट है कि पुलिसकर्मी की मौत डेंगू के कारण नहीं हुई। इस बीच, डेंगू के 108 नये मरीज मिले हैं। बुधवार को पीएमसीएच वायरोलॉजिकल लैब में 219 सैंपल जांच के लिए भेजे गए, इनमें से डेंगू के 108 कंफर्म मरीज मिले जिनमें 99 पटना के हैं। नवादा और वैशाली के दो-दो, औरंगाबाद, जहानाबाद, रोहतास, मधुबनी और सीतामढ़ी के एक-एक मरीज भी मिले। अब तक डेंगू के कंफर्म मरीजों की संख्या 1502 तक पहुंच गई। वहीं, भोजपुर और गया के जेई के दो मरीज भी मिले हैं। राज्यपाल, सीएम, मुख्य न्यायाधीश और उपमुख्यमंत्री को ज्ञापनपटना साहिब एवं पाटलिपुत्र संसदीय क्षेत्र के जल निकासी आपदा पीड़ित लोगों ने राज्यपाल, मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री एवं मुख्य न्यायाधीश को ज्ञापन देकर शहर की नारकीय स्थिति से निजात दिलाने के लिए ज्ञापन दिया। इसके साथ ही शहर के निवासियों को जलजमाव से हुई क्षतिपूर्ति एवं परेशानियों से अवगत कराया। जलजमाव पीड़ितों को तत्काल राहत देने के लिए केंद्र सरकार एवं राज्य सरकार से अविलंब अंतरिम सहायता की मांग की गयी। पटना जल निकासी आपदा पीड़ित मंच द्वारा 20 अक्टूबर को राजेन्द्र नगर मैकडोवल गोलंबर पर भूख हड़ताल एवं धरना-प्रदर्शन किया जायेगा। इसके बाद शाम पांच बजे डाक बंगला चौराहे तक कैंडल एवं मशाल जुलूस निकाला जाएगा। इसमें समाज के प्रबुद्ध तथा स्लम बस्तियों के लोग भी शामिल होंगे।

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