31 दिसम्बर 2018 तक इच्छुक लोगों को उपलब्ध करा दी जायेगी बिजली : मुख्यमंत्री

0
199
CM NITISH KUMAR ADHIVESHAN BHAWAN ME GRAMIN VIDHUTIKARAN KE SAMAPAN SAMAROH ME NEW PROJECT KA LAUNCHING KERTE

पटना : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने राज्य में विद्युत व्यवस्था को और बेहतर बनाने के लिए बुधवार को 3030.52 करोड़ रुपये की योजनाओं का शिलान्यास, उद्घाटन और लोकार्पण किया। नीतीश ने यहां राज्य के अविद्युतीकृत गांव की विद्युतकीरण यात्रा के समापण समारोह में रिमोट के जिरये बिजली क्षेत्र की 3030.52 करोड़ रुपये की योजनाओं का शिलान्यास, उद्घाटन और लोकार्पण किया। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि ऊर्जा के क्षेत्र में काफी कठिनाइयों के बावजूद बेहतरी लाने के लिए निरंतर प्रयास किए गए और इसमें काफी प्रगति हुई है।

उन्होंने कहा कि इसके लिए अनेक कदम उठाए गए। पहले बिहार राज्य बिजली बोर्ड था उसमें संरचनात्मक परिवर्तन करते हुए पावर डिस्ट्रीब्यूशन एंड जेनरेशन कंपनियां बनायी गईं। उन्होंने कहा कि जो टोले बच गए हैं, वहां बिजली विभाग ने मई 2018 विद्युतीकरण करने का लक्ष्य रखा है। बिजली कनेक्शन लेने के इच्छुक उपभोक्तओं को 31 दिसंबर 2018 तक यह सुविधा उपलब्ध करा दी जायेगी।

उन्होंने कहा कि बिजली के क्षेत्र में सरकार ने दो पहल की हैं- एक हर घर में बिजली का कनेक्शन उपलब्ध कराना और दूसरा जीरो सब्सिडी का प्रस्ताव नियामक प्राधिकरण के पास भेजना। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में विद्युत की निर्बाध आपूत्तर्ि के लिए कई ग्रिड सब स्टेशन बनाये गये हैं। बरौनी, कांटी के लिए काम किये गये हैं। नवीनगर में एनटीपीसी के साथ संयंत्र स्थापित किया गया। बाढ़ में एनटीपीसी संयंत्र का विस्तार किया जा रहा है। चौसा में काम शुरू हो गया है। उन्होंने कहा कि सरकार राज्य में सौर ऊर्जा को राज्य में बढ़ावा दे रही है, जिसके मद्देनजर पीरपैंती और कजरा में सौर ऊर्जा संयंत्र स्थापित किये जाएंगे। इस तरह बिहार में बिजली की उपलब्धता बढ़ी है। विद्युत पारेषण और वितरण का नेटवर्क बनाया गया है।

यह भी पढ़े  Patna Local Photo Gallery 14.2.18

उन्होंने कहा कि सात निश्चय योजना के तहत सरकार हर घर तक बिजली पहुंचाने के लक्ष्य में सफल होगी। नीतीश ने कहा कि यह खुशी की बात है कि केंद्र सरकार ने राज्य की विद्युत क्षेत्र की योजना को सराहा और इसका अनुकरण करते हुए सौभाग्य योजना की शुरुआत की है। बिहार ने बजट में 1800 करोड़ रुपये से अधिक बिजली के क्षेत्र के लिए आवंटित किया था। उन्होंने कहा कि आज जिन योजनाओं का लोकार्पण हुआ है, उसमें अधिकतर ग्रिड सब स्टेशन और पावर सब स्टेशन हैं। इससे निश्चित रूप से विद्युत क्षमता में वृद्धि होगी। सीएम ने कहा कि सरकार की ओर से बिजली बिल पर उपभोक्ताओं को सब्सिडी देने की व्यवस्था की गई ताकि उन्हें पता चल सके कि उन्हें कितनी सब्सिडी मिल रही है। उन्होंने कहा कि जब लोगों को यह सब मालूम होगा तो वे बिजली का दुरुपयोग कम करेंगे। उनमें नैतिकता की भावना जगेगी और अच्छी सोच विकसित होगी। वितरण कंपनियां इफीशिएंसी बढ़ाने के लिए काम करेंगी।

यह भी पढ़े  सरकार को उखाड़ फेंकने के लिए एकजुट हों नौजवान

बिजली कंपनी समय पर और उचित बिल दें, इससे फायदा होगा।

नीतीश ने कहा कि लोक शिकायत निवारण कानून के तहत बिलिंग की करीब 14 से 15 हजार शिकायतों का निपटारा किया जा चुका है। स्पॉट बिलिंग के नए तरीके अपनाने से समय पर बिलिंग होगी, इससे भुगतान में वृद्धि होगी और कंपनी का घाटा कम होगा। हमारी सरकार कंपनियों को सहायता राशि देती है ताकि बिजली के क्षेत्र में बेहतरी आए, बिजली आपूत्तर्ि निर्बाध होती रहे और दोनों वितरण कंपनियां लाभ कमाने वाली कंपनी बने। उन्होंने कहा कि जो टोले बच गए हैं, वहां बिजली विभाग ने मई 2018 विद्युतीकरण करने का लक्ष्य रखा है। बिजली कनेक्शन लेने के इच्छुक उपभोक्तओं को 31 दिसंबर 2018 तक यह सुविधा उपलब्ध करा दी जायेगी।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इस वर्ष जनवरी महीने में सिखों के दसवें गुरु गो¨वद सिंह जी महाराज का 350वां प्रकाश पर्व मनाया गया। इस दौरान बिजली निर्बाध रूप से उपलब्ध रही। शुकराना समारोह और 351वें प्रकाश पर्व में भी बिजली आपूत्तर्ि की बेहतर व्यवस्था होने की वजह से समारोह काफी सफल रहा। बिजली की निर्बाध उपलब्धता को देश-विदेश से आए श्रद्धालुओं ने महसूस किया और इसकी भूरी-भूरी प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि ऊर्जा विभाग बिजली ट्रांसफॉर्मर पिलरों पर बोर्ड लगाकर उस पर पुलिस और मद्य निषेध विभाग का फोन नंबर जरूर अंकित करवाये ताकि कोई गड़बड़ी होने पर लोग उसकी सूचना दे सकें। उन्होंने कहा कि समाज सुधार के क्षेत्र में जो अभियान चलाये जा रहे हैं उनमें ऊर्जा विभाग का बहुत बड़ा योगदान माना जाएगा। कार्यक्रम के दौरान राज्य में विद्युतीकरण यात्रा पर एक लघु फिल्म भी दिखाई गई।

यह भी पढ़े  2019 तक खेती के लिए अलग से मिलेगी बिजली

इस मौके पर ऊर्जा, मद्य निषेध एवं उत्पाद मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिये केंद्रीय ऊर्जा विभाग के सचिव अजय भल्ला, राज्य के मुख्य सचिव अंजनी कुमार सिंह, विकास आयुक्त शिशिर कुमार सिन्हा और ऊर्जा विभाग के प्रधान सचिव प्रत्यय अमृत ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सचिव अतीश चंद्रा एवं मनीष कुमार वर्मा, साउथ बिहार डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी के प्रबंध निदेशक आर. लक्ष्मणन सहित बिजली विभाग के अन्य वरीय अधिकारी एवं अभियंता उपस्थित थे।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here