बिहार बोर्ड : आज आयेगा मैट्रिक परीक्षा का रिजल्ट

0
39

Bihar Board 10th Result 2018: बिहार स्कूल एग्जामिनेशन बोर्ड दसवीं क्लास के नतीजों की घोषणा 26 जून यानी आज शाम 4:30 करेगा. परीक्षाफल की घोषणा बिहार के शिक्षा मंत्री कृष्णनंदन वर्मा करेंगे. ऑफिशियल वेबसाइट biharboard.ac.in पर जाकर नतीजे चेक किए जा सकते हैं.

पहले बिहार बोर्ड 10वीं के नतीजों की घोषणा 20 जून को होने वाली थी लेकिन 42 हजार कॉपियां गायब होने के बाद बोर्ड ने नतीजे जारी न करने का फैसला लिया था. गौरतलब है कि गोपालगंज के एसएस बालिका हाईस्कूल से 42 हजार कॉपियां गायब हो गई थीं.

बता दें बिहार बोर्ड की दसवीं की परीक्षा 21 फरवरी से शुरू हुई थी और ये परीक्षा 28 फरवरी को खत्म हुई है. इस साल बिहार के 1,426 एग्जाम सेंटर्स में मैट्रिक की परीक्षाओं का आयोजन किया गया था. इस साल करीब 17.70 लाख स्टूडेंट्स दसवीं की परीक्षा में शामिल हुए थे.

इंटर के रिजल्ट में भारी पैमाने पर त्रुटि व गोपालगंज स्थित मूल्यांकन केंद्र एसएस गर्ल्स प्लस टू स्कूल के स्ट्रांग रूम से मैट्रिक परीक्षा की 42,400 उत्तरपुस्तिकाएं गायब होने के बाद बोर्ड काफी सतर्कता बरत रहा है.
इसके तहत टॉपर विद्यार्थियों को बुला कर उनका वेरिफिकेशन किया जा चुका है. इनमें कई ऐसे भी छात्र हैं, जो कोटा में रह कर प्रतियोगिता परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं. जानकारी के अनुसार परीक्षा में टॉप-25 की सूची तैयार कर उनकी उत्तरपुस्तिकाओं की दोबारा जांच की गयी है. बोर्ड अपनी आधिकारिक वेबसाइट biharboard.ac.in पर रिजल्ट जारी करेगा.  biharboardonline.bihar.gov.in पर भी रिजल्ट देखा जा सकता है. मालूम हो कि 17 लाख  70 हजार 42 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हुए थे. इनमें 8 लाख 78 हजार 794 छात्राएं और 8 लाख 91 हजार 243 छात्र हैं.

बिहार बोर्ड मंगलवार शाम साढ़े चार बजे मैट्रिक बोर्ड का रिजल्ट जारी करेगा, लेकिन दूसरी तरफ गोपालगंज में गायब हुईं आंसरशीट्स को लेकर संशय बरकरार है. पुलिस ने इस सिलसिले में सोमवार को 25 जगहों पर छापेमारी की, लेकिन अभी तक कुछ भी उसके हाथ नहीं लगा है.

यह भी पढ़े  सीट बंटवारे के शह-मात के बीच ‘‘शाह’ के आगमन

गोपालगंज के एसपी रशिद ज़मा ने न्यूज़ 18 से बातचीत में स्वीकार किया कि गायब कॉपियों की अभी तक बरामदगी नहीं हो पाई है. नगर थाना पुलिस ने कहा कि गायब कॉपियों की बरामदगी के लिए गोपालगंज के अलावा सीवान, सारण, यूपी के कई जगहों पर छापेमारी की गई, लेकिन पुलिस के हाथ फिलहाल खाली हैं.
दरअसल, गोपालगंज के हजियापुर रोड स्थित एसएस गर्ल्स इंटर कॉलेज से मैट्रिक के आंसरशीट्स की 216 बैग कांपियां गायब हो गई थीं. इस बैग में करीब 42 हजार 500 कॉपियां थी. मूल्यांकन की कॉपियां गायब होने की सूचना के बाद स्कूल के प्रिंसिपल प्रमोद कुमार श्रीवास्तव ने कॉपियों को कबाड़ में बेचने की आशंका जताते हुए स्कूल के ही आदेशपाल और नाइटगार्ड के खिलाफ नगर थाना में नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई है.

नगर थाना पुलिस ने नामजद आदेशपाल छठू सिंह और नाइट गार्ड आसपूजन सिंह को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है. इसी दौरान पुलिस ने गोपालगंज के हजियापुर के कबाड़ व्यवसायी पप्पू कुमार गुप्ता और टेंपू चालक संजय कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था. गिरफ्तार पप्पू कुमार गुप्ता ने स्वीकार किया था कि उसे स्कूल के आदेशपाल छठू सिंह ने फोन कर मैट्रिक की कॉपियां खरीदने का आग्रह किया था, जिसने उसने साढ़े आठ हजार रुपये में कॉपियां खरीदी थीं.

यह भी पढ़े  गंगा में नाव पलटने से तीन लोगों की मौत, सरकार ने की चार-चार लाख रुपये मुआवजे की घोषणा

इस मामले में बिहार बोर्ड ने अपनी सफाई देने पहुंचे स्कूल के प्रिंसिपल प्रमोद कुमार श्रीवास्तव को पटना से गिरफ्तार कर लिया गया था.

मैट्रिक बोर्ड की 42 हजार कॉपियां गायब होने के बाद बिहार बोर्ड के अध्यक्ष आनंद किशोर सत्ताधारी दल बीजेपी के नेताओं के निशाने पर हैं. बीजेपी प्रवक्ता और एमएलसी नवल किशोर यादव ने सोमवार को कहा कि मंगलवार को मैट्रिक का रिजल्ट जारी करना स्टूडेंट्स के साथ नाइंसाफी है. उन्होंने कहा कि बोर्ड बरामद कॉपियों को सार्वजनिक करें तब पता चल जाएगा कि गायब कॉपियों की वास्तविकता क्या है?

ये भी पढ़ें- बिहार में मैट्रिक रिजल्ट आज, पर ग़ायब हुईं 42 हज़ार कॉपियों का अब तक नहीं कोई सुराग

उन्होंने पूछा कि बोर्ड बताएं कबाड़ी वाले से कितनी कॉपियां बरामद हुई हैं. साथ ही उन्होंने स्कूल के प्रिंसिपल की ओर की गई एफआईआर की कॉपी भी सार्वजनिक करने की मांग की है.

इससे पहले बीजेपी एमलसी और प्रवक्ता नवल किशोर यादव पूरे मामले की सीबीआई से जांच कराने की मांग कर चुके हैं. उन्होंने आरोप लगाया था कि बिहार बोर्ड के अध्यक्ष आनंद किशोर ना सिर्फ बच्चों को परेशान कर रहे हैं बल्कि इन्होंने 1 हजार करोड़ का बोर्ड में घोटाला किया है. वसुधा केंद्र के नाम पर आनंद किशोर ने 45 करोड़ रुपये की उगाही की है. 95 करोड़ से 125 करोड़ रुपये का इन्हें व्यवसाय नजर आ रहा है. उन्होंने आरोप लगाया कि इंटर में दागदार कंपनी को इन्होंने टेंडर दिया. साथ ही नवल किशोर यादव ने सरकार से बीएसईबी और इंटर काउंसिल की स्वायत्तता बहाल की भी मांग की है.

यह भी पढ़े  बिहार राज्य बीज निगम को सुदृढ़ करने के लिए विशेषज्ञों की सेवाएं ली जायेगी : नीतीश

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here