जिन्होंने बिहार को रसातल में पहुंचा दिया, वे किस मुंह से मांगते हैं वोट : नीतीश कुमार

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लोस चुनाव. नालंदा और पटना के दनियावां में सीएम ने विपक्ष पर बोला हमला, कहा हमारे लिए पूरा बिहार ही परिवार है, जबकि कुछ के लिए पति-पत्नी ही पूरा परिवार

विरोधियों का काम सिर्फ आलोचना करना रह गया है। उनके पास न तो नीति है न ही नीयत। जो लोग पन्द्रह वर्षो तक सरकार में रहकर बिहार को रसातल में पहुंचा दिये वे किस मुंह से वोट मांगने आते हैं। ये बातें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने दनियावां हाईस्कूल के मैदान में चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कहीं। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने करोड़ों परिवारों के बीच मुफ्त में गैस कनेक्शन बांटकर गरीबों के घरों को धुआं से मुक्त बनाया। उज्ज्वला योजना के तहत प्रत्येक घरों तक बिजली का कनेक्शन पहुंचाया गया। हमारी सरकार बिहार में प्रत्येक घर को नल-जल योजना से जोड़ने का कार्य कर रही है। गांव की सड़कों और गलियों को पक्का बनाने का कार्य किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमारे लिए पूरा बिहार ही परिवार है जबकि कुछ लोगों के लिए पति-पत्नी ही पूरा परिवार है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने मदरसा शिक्षकों को सरकारी शिक्षकों के समान वेतन दिया। केंद्र में मोदी की सरकार और बिहार में हमारी सरकार मिलकर लोगों की सेवा कर रही है। उन्होंने कहा कि आपने मुझे पांच बार यहां से सांसद बनाकर सेवा का मौका दिया। इस बार रविशंकर जी जो मेरे अभिन्न मित्र है, इन्हें मत देकर भारी मतों से विजयी बनायें। मौके पर मौजूद पटना साहिब के प्रत्याशी रविशंकर की ओर मुखातिब होकर उन्होंने जनसामान्य से हाथ उठाकर समर्थन करा विजयी माला पहनाया।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि  विपक्ष के पास न तो नीति है और न ही नीयत. उनका काम सिर्फ आलोचना करने का रह गया है. जिन लोगों ने 15 वर्षों तक सरकार में रहकर बिहार को रसातल में पहुंचा दिया, वे किस मुंह से वोट मांगने आते हैं.
हमारे लिए पूरा बिहार ही परिवार है, जबकि कुछ लोगों के लिए पति-पत्नी ही पूरा परिवार है. मुख्यमंत्री ने सोमवार को नालंदा के बिंद, परवलपुर, बेन व नगरनौसा और पटना के दनियावां में चुनाव सभाओं को संबोधित किया और अपने काम के आधार पर एनडीए प्रत्याशी के पक्ष में वोट मांगे.
नीतीश कुमार ने कहा कि 15 साल तक सूबे में पति-पत्नी की सरकार रही, लेकिन विकास का कोई काम नहीं हुआ. उनके लिए सत्ता में रहकर जनता की सेवा से कोई मतलब नहीं रहा. उनलोगों ने सत्ता का उपयोग सिर्फ धन अर्जित करने के लिए किया.
नीतीश कुमार ने कहा कि हमने सत्ता संभालने के बाद राज्य से जंगलराज को खत्म किया और न्याय के साथ विकास की धारा बहायी.
सामाजिक न्याय के साथ विकास के प्रति हमारी प्रतिबद्धता जगजाहिर है. जनता जब तक चाहेगी, हम बिहार की सेवा करते रहेंगे. महिला सशक्तीकरण से लेकर गरीब बच्चों को उच्च शिक्षा दिलाने की दिशा में लगातार काम कर रहे हैं.
हमारी सरकार समाज के हर तबके के उत्थान के लिए काम कर रही है. 60 वर्ष से ऊपर के सभी लोगों को पेंशन दी जा रही है. गांवों व टोलों को पक्की सड़क से जोड़ा जा रहा है. गांवों को स्मार्ट बनाने का काम किया जा रहा है. घर-घर बिजली व नल का जल पहुंचाया जा रहा है. हमने मदरसा शिक्षकों को सरकारी शिक्षकों का समान वेतन दिया है.
केंद्र सरकार की भी उपलब्धियां गिनाते हुए उन्होंने कहा कि गरीबों के इलाज के लिए आयुष्मान भारत योजना शुरू की गयी. उज्ज्वला योजना के तहत करोड़ों परिवारों को गैस के चूल्हे दिये गये. सीएम ने कहा कि नरेंद्र मोदी की सरकार में देश की प्रतिष्ठा बढ़ी है व देशवासियों का मनोबल बढ़ा है.
दनियावां की सभा में सीएम ने कहा, आपने मुझे पांच बार यहां से सांसद बनाकर सेवा  का मौका दिया. इस बार रविशंकर जी, जो मेरे मित्र हैं, इन्हें वोट देकर  भारी मतों से विजयी बनाएं.
मौके पर रविशंकर प्रसाद  की ओर मुखातिब होकर उन्होंने जन सामान्य से हाथ उठाकर समर्थन कराया और विजयी  माला पहनाया. इस सभा स्थानीय विधायक रणविजय सिंह, पूर्व एमएलसी बाल्मीकि सिंह, जदयू प्रखंड अध्यक्ष नवनीत कुमार, भाजपा मंडल अध्यक्ष बिंदु सिन्हा, कुंवर विजय पासवान, मुखिया बबलू चंद्रवंशी, ज्ञानेंद्र सिंह, बबलू, रणधीर यादव, किरण गुप्ता, दिलीप कुमार गुप्ता, राजेश कुमार, राघोपुर के पूर्व विधायक सतीश कुमार, बृजनंदन यादव आदि मौजूद थे.
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