गांववालों पर लगातार केस करने से खफा 16 लोगों ने मिल कर की थी दो बहनों की हत्या

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पूर्णिया : जलालगढ़ गांव में महज मुकदमे से बचने के लिए 16 लोगों ने मिल कर दो बहनों की हत्या की थी. दो बहनों की हत्या के मामले में पुलिस ने पिछले 24 घंटे के अंदर न केवल खुलासा कर लिया है, बल्कि हत्या में संलिप्त चार अभियुक्तों को गि रफ्तार भी कर लिया है. सभी चारों अभियुक्त जलालगढ़ थाना क्षेत्र के चक पंचायत के रहनेवाले हैं. यह जानकारी पूर्णिया के एसपी विशाल शर्मा ने दी. एसपी ने बताया कि इस हत्याकांड में गिरफ्तार अभियुक्तों की स्वीकारोक्ति बयान के आधार पर मृतका के सिर को खोजने में सफलता मिली. बताया कि चक पंचायत की माला देवी और कलावती देवी दोनों सगी बहनें थीं, जो सोशल एक्टिविस्ट भी थी.
गिरफ्तार अभियुक्तों ने अपने बयान में बताया कि इन दोनों बहनों द्वारा चारों अभियुक्तों के साथ-साथ गांव के एक दर्जन लोगों पर बराबर केस किया जाता था, जिससे वे सभी परेशान हो चुके थे. उन लोगों ने तंग आकर उसे रास्ते से हटाने के लिए एक साजिश रची. इसी साजिश के तहत 22 जून की रात उन तमाम लोगों ने दोनों बहनों को पकड़ कर पहले उसके साथ मारपीट की और फिर बिलरिया धार के पास ले जाकर दोनों की सिर काट कर हत्या कर दी. शव की पहचान छुपाने के उद्देश्य से दोनों बहनों के धर को बिलरिया धार के निकट तथा कटे सिर को लगभग एक किमी पूरब श्मशान घाट के उत्तर स्थित तालाब में छिपा दिया.

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हत्या मामले में गिरफ्तार अभियुक्तों की निशानदेही पर इस कांड का सफल उद्भेदन किया गया. एसपी शर्मा ने बताया कि इस मामले में चार लोगों की गिरफ्तार के बाद इस कांड में शामिल अन्य 13-14 लोगों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है. सभी हत्यारे चक पंचायत के रहनेवाले हैं.

एसपी ने बताया कि चार गिरफ्तार
अभियुक्तों में वीरेंद्र सिंह उर्फ हट्टा, लक्ष्मी दास उर्फ रामची, बुद्धु शर्मा एवं जितेंद्र शर्मा सभी चक पंचायत जलालगढ़ के रहनेवाले हैं. इसके अलावा दिलीप शर्मा, विनोद ततमा, प्रकाश ततमा, सोनू शर्मा, रामलाल शर्मा , विष्णुदेव शर्मा, पप्पू शर्मा, उपेन शर्मा, बिनोद ततमा, इंदल शर्मा, सुनील शर्मा , सतीश शर्मा, बेचन शर्मा आदि अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है. हत्या के पीछे प्रमुख कारण यह था कि दोनों बहनों द्वारा बराबर मुकदमा किये जाने से लोग आजिज हो चुके थे. इसी वजह से उन लोगों ने जघन्य अपराध किया.
जांच के लिए गठित की गयी टीम
इस हत्याकांड के बाद एसपी के निर्देश पर एसडीपीओ कृष्ण कुमार राय के नेतृत्व में पुअनि अशोक कुमार मेहता, जलालगढ़ थानाध्यक्ष मो गुलाम शहवाज आलम, कसबा थानाध्यक्ष अरविंद कुमार, मुफस्सिल थानाध्यक्ष प्रशांत भारद्वाज, तकनीकी शाखा के प्रभारी सहित जलालगढ़ के सअनि वैद्यनाथ शर्मा, अनिल मिश्रा, अवधेश यादव, जयराम पासवान, उपेंद्र सिंह आदि पुलिस बल की टीम गठित की गयी थी. हत्या में शामिल अन्य लोगों की गिरफ्तारी के बाद हत्या कांड में शामिल हथियार की बरामदगी संभव है.

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pk.

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