एम्स के लिए चाहिए 200 एकड़ जमीन मिथिलांचल में संभावित : अश्विनी चौबे

0
261

दरभंगा : केंद्रीय स्वास्य राज्य मंत्री अश्विनी कुमार चौबे ने शुक्रवार को दरभंगा मेडिकल कॉलेज स्थित निर्माणाधीन सुपर स्पेशलिटी अस्पताल भवन का निरीक्षण किया। निरीक्षण के उपरांत मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि केंद्र व बिहार सरकार की मदद से दरभंगा में 210 करोड़ की लागत से 210 बेड के सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल भारत सरकार के फेज 3 द्वारा करा रही है। इस अस्पताल में 8 सुपर स्पेशलिटी की सुविधा होगी जिसमें 40 बेड आईसीयू की होगी एवं 10 बेड एनआईसीयू की होगी। डायलिसिस सुविधा से युक्त इस अस्पताल में 8 मेडिकल विभाग की विभिन्न प्रकार के शाखाओं की सुविधा से लैस होगा। आठ ऑपरेशन थिएटर होगी। सितंबर 2016 में इस अस्पताल के निर्माण कार्य 150 करोड़ की लागत से प्रारंभ हो चुकी है। भारत के स्वास्य विभाग की एजेंसी के द्वारा यह निर्माण कार्य किया जा रहा है। 85 करोड़ 35 लाख 56हजार 206 की टेंडर करके काम कराया जा रहा है। टेंडर के उपरांत 1 दिसंबर 2016 से यहाँ काम प्रारंभ हो गया।श्री चौबे ने कहा कि हमारा लक्ष्य है कि मई 2018 तक काम पूरा करके मिथिलांचल को एक बेहतर स्वास्य सुविधायुक्त अस्पताल भेंट किया जाए। विभागीय निरीक्षण के उपरांत 31 अगस्त तक 31: काम पूरा हो चुका है शेष 69 प्रतिशत बकाया है जो युद्ध स्तर पर किया जा रहा है । भारत सरकार के स्वास्य विभाग के देखरेख में टेक्निकल जांच भी किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में नियुक्ति की प्रक्रिया प्रारंभ होने वाली है। इसकी इंटरव्यू बिहार सरकार के द्वारा भारत सरकार के उचित मापदंड पर होगी। इसमें सुपर स्पेशलिटी के डिग्रीधारी की ही बहाली होगी। 0 के साथ मिथिलांचल को सुपर स्पेशलिटी से लैस एम्स जैसा दरभंगा में अपना अस्पताल होगा। जिससे मिथलांचल के तीन करोड़ लोग लाभान्वित होंगे। श्री चौबे ने कहा कि मेरा यहां आने का उद्देश्य भवन की बनावट का निरीक्षण करना है एवं तय समय सीमा में गुणवत्तापूर्ण काम की निरीक्षण करना है। इसके लिए तीसरी पार्टी द्वारा सुपरविजन भी कराया जा रहा है। उन्होंने कहा कि फेज पांच में बिहार सरकार के प्रस्ताव पर विचार होगा। इस नए अस्पताल की रखरखाव डीएमसीएच के जिम्मे रहेगा, मगर निर्माण के बाद हो सकता है सरकार बेहतर रखरखाव के लिए अलग से व्यवस्था करे। हमारी सरकार ने पूरे भारत में 14 नए एम्स बनाने का स्वीकृति प्रदान की है। अभी वर्तमान में पूरे भारत में 6 एम्स हैं। पटना के बाद उत्तर बिहार में एक नए एम्स के लिए मापदंडों के अनुसार 200 एकड़ जमीन मुहैया कराने के लिए बिहार सरकार को कहा है। हो सकता है नया एम्स मिथिलांचल के क्षेत्र में ही बने। प्रेस वार्ता के इस मौके पर भाजपा के प्रदेश उपाध्यक्ष सह पूर्व विधायक गोपाल जी ठाकुर, नगर विधायक संजय सरावगी, जाले बिधायक जीवेश कुमार, एमएलसी सुनील कुमार सिंह आदि मौजूद थे।

यह भी पढ़े  जनता उपेंद्र कुशवाहा को उनकी करनी का फल देगी: अश्विनी कुमार चौबे

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here