आप पर कुछ नहीं बोलेंगे, आप मेरी भाभी हैं : सीएम

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मुख्यमंत्री नीतीश कुमार बिहार विधान परिषद में बुधवार को मजाक के मूड में भी दिखे। राज्यपाल के अभिभाषण पर आयोजित वाद विवाद का जब मुख्यमंत्री नीतीश कुमार जवाब दे रहे थे। उसी वक्त नेता प्रतिपक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी मुख्यमंत्री पर कटाक्ष करते हुए सदन से बाहर जाने लगी। इस पर हंसते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आप मेरी भाभी हैं, आप पर मैं कुछ नहीं बोलूंगा। आप अपनी सीट पर बैठिये। इसका कोई असर नेता प्रतिपक्ष नहीं हुआ और राजद सदस्य मुख्यमंत्री के जवाब का बहिष्कार करते हुए सदन से बाहर चले गये।
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का मानना है कि प्रदेश में होने वाली आपराधिक घटनाओं में काफी कमी आयी है। बुधवार को विधान परिषद में राज्यपाल के अभिभाषण पर आयोजित वाद विवाद का उत्तर देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अपराध के मामले में केंद्रीय एजेंसी राष्ट्रीय अखिलेश ब्यूरो के हाल ही में जारी आंकड़े के अनुसार अपराध का राष्ट्रीय आंकड़ा प्रति लाख 233.6 है, जबकि बिहार का आंकड़ा 157.4 है, जो राष्ट्रीय आंकड़े से काफी कम है। उन्होंने कहा कि बिहार अपराध के मामले में 22वें स्थान पर है। राज्य में अपराध में कमी आयी है। राज्य में वर्ष 2001 से 2005 के बीच हर साल हत्या की 3638, डकैती की 1249, लूट की 248 और अपहरण की 356 घटनाएं हुई थीं, जबकि 2014-18 के बीच औसतन हर साल हत्या की 2980, डकैती की 383, लूट की 195 और फिरौती की 49 घटनाएं हुई हैं। आबादी में 30 फीसद की वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार बनने के बाद आबादी में वृद्धि हुई है, लेकिन अपराध में कमी आंयी है। उन्होंने कहा कि जमीन को लेकर 60 फीसद आपराधिक घटनाएं होती हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2005 के बाद बिहार पुलिस को दुरुस्त किया गया है। हाल ही में थानों को 1000 नयी गाड़ियां उपलब्ध करायी गयी हैं और पुलिस को आधुनिक हथियारों से लैस किया गया है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के 341 थाने में अपराध अनुसंधान और अपराध रोकने के लिए अलग-अलग टीम गठित कर दी गयी है। बाकी बचे हुए 760 थाने में अलग-अलग टीम गठित कर दी जायेगी। उन्होंने कहा कि शराबबंदी के मामले में 349 पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की गयी है। 51 पुलिसकर्मियों को सेवा से मुक्त और 30 को सेवा से बर्खास्त किया गया है। इसके अलावा उत्पाद विभाग के 22 कर्मियों पर कार्रवाई की गयी है। इनमें सात को सेवा से बर्खास्त किया गया है। 12 पुलिस कर्मियों को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने कहा कि 12 मार्च से 2018 से लेकर 12 फरवरी 2019 तक 15,032 शिकायतें मिली हैं। इनमें से 14947 मामलों का निष्पादन किया गया है। शराबबंदी कानून के कहत 136 मामले को न्याय से सजा मिली है। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसी सूरत में कोई समझौता नहीं किया जायेगा। राज्य में अपराध की दर में कमी आई है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया का जमाना है। लोग ट्वीट पर ट्वीट कर रहे हैं। ट्वीट करने वालों को भाषा का ज्ञान भी नहीं है। उन्होंने कहा कि भीतर वाले भी आजकल ट्वीट कर रहे हैं। बाहर थे, तो क्या कर रहे थे, यह सभी को मालूम है। अब भीतर से भी ट्वीट कर रहे हैं। उन्होंने विश्व स्वास्य संगठन के आंकड़े का हवाला देते हुए कहा कि शराब पीने से हर साल 30 लाख लोगों की मौत होती है और 200 प्रकार की बीमारियों होती हैं। चीन और भारत में शराब पीने वालों की संख्या बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि बिहार में शराबबंदी से लोगों को काफी फायदा हो रहा है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2004-05 में राज्य का बजट 26000 करोड़ रुपये का था, जो वित्तीय वर्ष 2019-20 में बढ़कर 200501 करोड़ रुपये का हो गया है। वाद विवाद में प्रतिपक्ष की नेता राबड़ी देवी, राजद के डॉ.रामचंद्र पूव्रे, सुबोध कुमार राय, कांग्रेस के प्रेमचंद्र मिश्रा, जदयू के नीरज कुमार, हीरा बिंद व दिलीप कुमार चौधरी और भाजपा के सुमन महासेठ ने भाग लिया।

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